मुंढवा में दशक्रिया विधि घाट जलमय
नगर निगम में प्रतीकात्मक दशक्रिया विधि की चेतावनी : पंकज कोद्रे
मुंढवा, अगस्त (हड़पसर एक्सप्रेस न्यूज नेटवर्क)
मुंढवा-केशवनगर में मुला मुठा नदी के किनारे कुछ वर्षों से सौंदर्यीकरण का काम चल रहा है। इससे नदी का तल संकरा हो गया है। दो दिनों की बारिश और खडकवासला बांध से पानी छोड़े जाने के कारण नदी का तल उखड़ गया। इससे नदी के किनारों पर कई जगहों पर पानी घुस गया, जिसके कारण मुंढवा स्थित दशक्रिया विधि घाट पूरी तरह डूब गया। इससे विधि घाट को काफी नुकसान हुआ है। इस घाट के किनारे 15 से 20 फीट ऊँचा भराव होने के कारण, किनारे पर स्थित दशक्रिया अनुष्ठान घाट धंस गया है। इससे अंतिम संस्कार के बाद धार्मिक अनुष्ठानों में भारी कठिनाई हो रही है, जिससे मुंढवा क्षेत्र के शोकाकुल परिवारों को भारी कष्ट हो रहा है। पुणे नगर निगम को इस समस्या को ध्यान में रखते हुए, यहाँ दशक्रिया विधि घाट की तुरंत मरम्मत करानी चाहिए। यह मांग मनपा प्रशासन से शिवसेना ओबीसी / वीजेएनटी के पुणे जिला प्रमुख पंकज शिवाजीराव कोद्रे ने की है।
आगे बोलते हुए पंकज कोद्रे ने कहा कि नदी सुधार परियोजनाओं में किनारे बसे गाँवों की ओर बिल्कुल भी ध्यान नहीं दिया गया है। ज़्यादातर जगहों पर श्मशानभूमि और दशक्रिया घाट नदी के किनारे ही स्थित हैं। ऐसा लगता है कि इस परियोजना की योजना बनाते समय इस पर कहीं भी विचार नहीं किया गया। सौंदर्यीकरण कार्य शुरू होने से पहले इसे स्थानांतरित करना ज़रूरी था। इसकी जानकारी नगर निगम प्रशासन को एक निवेदन के माध्यम से दी गई थी; लेकिन उपेक्षा के दुष्परिणाम अब सामने आ रहे हैं। मुंढवा घाट का पुनर्निर्माण किया जाना चाहिए या किसी विशाल स्थान पर स्थानांतरित किया जाना चाहिए। नगर निगम के अधिकारी तुरंत इस पर कार्रवाई करें अन्यथा मुंढवा के नागरिक नगर निगम पर प्रतीकात्मक दशक्रिया विधि आंदोलन करेंगे। यह चेतावनी भी उन्होंने दी है।